नई दिल्ली। 1 अप्रैल 2026 से पैन (PAN) कार्ड के नियमों में बड़े बदलाव होने जा रहे हैं, जिनका सीधा असर आपके बैंकिंग और निवेश से जुड़े कामों पर पड़ेगा। प्रमुख बदलावों में आवेदन की प्रक्रिया को सख्त बनाना और बड़े लेन-देन के लिए पैन की अनिवार्यता की सीमा को संशोधित करना शामिल है।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!अप्रैल से बदल रहे ये 6 बड़े नियम
- केवल आधार से नहीं बनेगा पैन
अब तक केवल आधार कार्ड के आधार पर ही पैन कार्ड के लिए आवेदन किया जा सकता था, लेकिन 1 अप्रैल 2026 से यह सुविधा बंद हो रही है। अब आवेदकों को जन्मतिथि (DOB) के प्रमाण के रूप में मार्कशीट, जन्म प्रमाण पत्र या पासपोर्ट जैसे अतिरिक्त दस्तावेज भी जमा करने होंगे। - आधार के साथ नाम का सटीक मिलान
नया नियम लागू होने के बाद पैन कार्ड पर केवल वही नाम प्रिंट होगा, जो आपके आधार कार्ड के रिकॉर्ड में दर्ज है। यदि आपके आधार और पैन में नाम की स्पेलिंग अलग-अलग है, तो आवेदन स्वीकार नहीं किया जाएगा। - भारी नकद लेन-देन पर पैन अनिवार्य
वित्तीय पारदर्शिता बढ़ाने के लिए अब बैंक या पोस्ट ऑफिस के खाते में सालाना 10 लाख रुपए से अधिक के नकद लेन-देन पर पैन कार्ड देना अनिवार्य होगा। - प्रॉपर्टी और वाहन खरीद के नए नियम
प्रॉपर्टी: 20 लाख रुपए से अधिक के प्रॉपर्टी सौदों (खरीद या बिक्री) के लिए पैन कार्ड अनिवार्य कर दिया गया है।
वाहन: 5 लाख रुपए से अधिक मूल्य का वाहन (कार या बाइक) खरीदने पर अब पैन कार्ड अनिवार्य रूप से देना होगा।
- होटल और इवेंट बुकिंग की सीमा
यदि आप किसी होटल, रेस्टोरेंट या किसी इवेंट (जैसे शादी) के लिए 1 लाख रुपए से अधिक का भुगतान करते हैं, तो आपको अपना पैन विवरण देना होगा। - पुराने आवेदन फॉर्म का बंद होना
1 अप्रैल 2026 से पुराने पैन आवेदन फॉर्म स्वीकार नहीं किए जाएंगे। सरकार “पैन 2.0” सिस्टम के तहत नए फॉर्म और प्रक्रियाएं लागू कर रही है।
