हेल्थ डेस्क। हाल ही में पुरुषों के लिए गर्भनिरोधक के कई रिवर्सिबल (वापस लिए जा सकने वाले) तरीकों में बड़ी प्रगति हुई है। सबसे महत्वपूर्ण विकास भारतीय आयुर्विज्ञान अनुसंधान परिषद (ICMR) द्वारा विकसित RISUG इंजेक्शन है, जो एक बार लगने पर 13 साल तक प्रभावी रहता है और इसे कभी भी वापस लिया जा सकता है।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!- RISUG इंजेक्शन (भारत की बड़ी उपलब्धि)
यह दुनिया का पहला इंजेक्शन वाला पुरुष गर्भनिरोधक है जिसे ICMR ने 7 साल के सफल परीक्षण के बाद तैयार किया है।
कैसे काम करता है: इसे वास डेफरेंस (शुक्राणु वाहिनी नली) में इंजेक्ट किया जाता है, जहां यह शुक्राणुओं को निष्क्रिय कर देता है।
प्रभावशीलता: यह गर्भ रोकने में 99.02% तक प्रभावी पाया गया है।
अवधि: एक बार का इंजेक्शन 13 साल तक काम करता है।
रिवर्सिबल: इसे एक अन्य इंजेक्शन के जरिए कभी भी निष्क्रिय किया जा सकता है, जिससे प्रजनन क्षमता वापस आ जाती है।
- हार्मोन-मुक्त गर्भनिरोधक गोलियां (पिल)
वैज्ञानिक ऐसी गोलियों पर भी काम कर रहे हैं जो बिना हार्मोनल साइड इफेक्ट के काम करती हैं।
YCT-529: इस गैर-हार्मोनल गोली ने हाल ही में अपना पहला मानव सुरक्षा परीक्षण (Phase 1) सफलतापूर्वक पूरा किया है। यह विटामिन A मेटाबोलाइट को ब्लॉक करके शुक्राणु बनने से रोकती है।
JQ1 (ताजा शोध): अप्रैल 2026 में कॉर्नेल यूनिवर्सिटी के वैज्ञानिकों ने चूहों पर एक ऐसी दवा का परीक्षण किया है जो शुक्राणु उत्पादन की प्रक्रिया (Meiosis) को अस्थायी रूप से रोक देती है। दवा बंद करने के बाद प्रजनन क्षमता पूरी तरह सामान्य हो जाती है।
- अन्य आधुनिक विकल्प
ADAM™ हाइड्रोजेल: यह एक इंजेक्टेबल जेल है, जो शुक्राणुओं के रास्ते को ब्लॉक करता है। यह लगभग 2 साल तक प्रभावी रहता है और बाद में जेल खुद ही शरीर में घुल जाता है, जिससे यह पूरी तरह रिवर्सिबल हो जाता है।
NES/T जेल: यह एक हार्मोनल जेल है, जिसे कंधों पर लगाया जाता है। यह शुक्राणुओं की संख्या कम करता है और इसका परीक्षण (Phase 2) काफी सकारात्मक रहा है।
इनमें से कई तरीके अभी क्लिनिकल ट्रायल के उन्नत चरणों में हैं और अगले कुछ वर्षों में बाजार में उपलब्ध हो सकते हैं।
पुरुषों के लिए गर्भनिरोधक
वर्तमान में पुरुषों के लिए गर्भनिरोधक (contraception) के मुख्य रूप से दो ही तरीके उपलब्ध हैं—कंडोम और नसबंदी। हालांकि, वैज्ञानिकों द्वारा कई नई तकनीकों जैसे गर्भनिरोधक इंजेक्शन, जेल और गोलियों पर शोध किया जा रहा है, जो भविष्य में एक सुरक्षित और प्रतिवर्ती (reversible) विकल्प बन सकते हैं।
वर्तमान में उपलब्ध विकल्प
कंडोम (Condoms): यह सबसे आम और अस्थायी तरीका है। अगर इसका सही तरीके से उपयोग किया जाए, तो यह 98% तक प्रभावी हो सकता है। इसका सबसे बड़ा फायदा यह है कि यह गर्भावस्था के साथ-साथ यौन संचारित संक्रमणों (STIs) से भी सुरक्षा प्रदान करता है।
पुरुष नसबंदी (Vasectomy): यह एक स्थायी गर्भनिरोधक तरीका है। इसमें एक छोटी शल्य चिकित्सा (surgery) द्वारा शुक्राणु ले जाने वाली नलियों को ब्लॉक कर दिया जाता है ताकि वीर्य में शुक्राणु न आ सकें। यह अत्यधिक प्रभावी है, लेकिन इसे वापस पहले जैसा करना (reverse) कठिन हो सकता है।
भविष्य के संभावित विकल्प (अनुसंधान के अधीन)
वैज्ञानिक पुरुषों के लिए अधिक लचीले, प्रतिवर्ती विकल्पों पर काम कर रहे हैं।
गर्भनिरोधक इंजेक्शन (RISUG): भारतीय आयुर्विज्ञान अनुसंधान परिषद (ICMR) ने RISUG (रिवर्सिबल इनहिबिशन ऑफ स्पर्म अंडर गाइडेंस) नामक इंजेक्शन विकसित किया है। परीक्षणों में यह 13 साल तक प्रभावी पाया गया है और इसके प्रभाव को बाद में पलटा भी जा सकता है।
पुरुष गर्भनिरोधक गोलियां (YCT-529): वैज्ञानिकों ने YCT-529 जैसी गैर-हार्मोनल गोलियां विकसित की हैं, जिनका पहला ह्यूमन ट्रायल सफल रहा है। यह शुक्राणु बनने की प्रक्रिया को अस्थायी रूप से रोकती है और दवा बंद करने के कुछ हफ्तों बाद प्रजनन क्षमता वापस आ जाती है।
गर्भनिरोधक जेल (Contraceptive Gel): एक ऐसा जेल भी विकसित किया जा रहा है जिसे रोजाना कंधों पर लगाने से शुक्राणुओं की संख्या कम हो जाती है।
अन्य पारंपरिक तरीके
विड्रॉल विधि (Pull-out method): संभोग के दौरान स्खलन से पहले लिंग को बाहर निकालना। हालांकि, यह तरीका अन्य विकल्पों की तुलना में काफी कम प्रभावी और जोखिम भरा माना जाता है।
महत्वपूर्ण: किसी भी गर्भनिरोधक विधि को अपनाने से पहले किसी योग्य चिकित्सक (Doctor) से परामर्श अवश्य करें।
