Skip to content
AapTak

AapTak

सच, बेहिचक

Primary Menu
  • Home
  • NATIONAL
  • WORLD
  • BUSSINESS
  • MP/CG
  • LIFESTYLE
  • ENTERTANMENT
  • POLITICS/ADMIN
  • JOB
  • SPORTS
  • Artical
Light/Dark Button
Live
  • Home
  • NATIONAL
  • प्रिज्म सीमेंट ‌प्रबंधन अवैध खनन का दोषी, किसान को 60 दिन के अंदर मुआवजा दिलाएं SDM: हाईकोर्ट
  • NATIONAL
  • BHOPAL
  • JABALPUR
  • MP
  • SATNA

प्रिज्म सीमेंट ‌प्रबंधन अवैध खनन का दोषी, किसान को 60 दिन के अंदर मुआवजा दिलाएं SDM: हाईकोर्ट

aaptak.news28@gmail.com February 22, 2026
prism jonson limited mankahari

-रामपुर बघेलान एसडीएम को 60 दिन में मुआवजा दिलाने का आदेश
-बगहाई गांव का मामला, कलेक्टर कोर्ट से राहत नहीं मिलने पर पीड़ित ने ली थी हाईकोर्ट की शरण
-जबलपुर हाईकोर्ट की डबल बेंच ने सुनाया फैसला

Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!

भोपाल/जबलपुर। सतना जिले की रामपुर बघेलान स्थित प्रिज्म जॉनसन सीमेंट लिमिटेड प्रबंधन की मनमानी और किसानों के शोषण के खिलाफ मध्यप्रदेश हाईकोर्ट ने बड़ा फैसला दिया है। हाईकोर्ट ने प्रिज्म सीमेंट प्रबंधन को गैरकानूनी तरीके से जबरन किसान की जमीन पर अवैध उत्खनन का दोषी करार दिया है। हाईकोर्ट ने मामले में पीड़ित किसान को मुआवजा देने का भी आदेश दिया है। अदालत ने एसडीएम रामपुर बाघेलान को आदेशित किया है कि 60 दिनों के भीतर मुआवजा निर्धारित कर पीड़ित किसान को मुआवजा का भगुतान कराएं। हाईकोर्ट के न्यायमूर्ति विवेक रुसिया एवं न्यायमूर्ति प्रदीप मित्तल की डबल बेंच ने सुनवाई करते हुए यह फैसला सुनाया है।

दरअसल, मामला सतना जिले की रामपुर बाघेलान जिले के ग्राम बगहाई का है। गांव में किसान विनोद अग्रवाल की सिंचित कृषि भूमि पर प्रिज्म जॉनसन सीमेंट लिमिटेड ने वर्ष 2025 में बिना अनुमति प्रवेश कर भारी-भरकम मशीनों के जरिए खदान लगा दी थी। पीड़िता द्वारा एसडीएम, कलेक्टर सहित शासन स्तर पर शिकायत के बावजूद कार्रवाई नहीं होने पर हाईकार्ट की शरण ली गई।

प्रिज्म प्रबंधन पर जबरन खदान लगाने का आरोप

हाईकोर्ट जबलपुर की डबल बेंच ने 5 फरवरी 2026 को रिच याचिका क्रमांक-17947/2025 विनोद कुमार अग्रवाल बनाम मध्य प्रदेश शासन और अन्य मामले का निराकरण करते हुए यह आदेश दिया। हाईकोर्ट में दायर रिट पिटीशन में पीड़िता के वकील कौस्तुभ सिंह ने राहत मांगी थी। याचिका में पीड़िता की ओर से बताया गया कि प्रिज्म जॉनसन सीमेंट प्रबंधन द्वारा जमीन पर गैरकानूनी तरीके से माइनिंग की जा रही है।

हाईकोर्ट को बताया गया कि पीड़ित ग्राम बगहाई तहसील रामपुर बघेलान जिला सतना में खसरा नंबर ७ रकबा ०.०४५ हेक्टेयर, खसरा नंबर ९ रकबा ०.०४८ हेक्टेयर, खसरा नंबर १० रकबा ०.०४२ हेक्टेयर, खसरा नंबर ११/१०५३ रकबा ०.८०९ हेक्टेयर, खसरा नंबर ३२ रकबा ०.६२४ हेक्टेयर, खसरा नंबर ३७ रकबा ०.१८१ हेक्टेयर, खसरा नंबर ४१/१ रकबा ०.१८१ हेक्टेयर, खसरा नंबर ५३ रकबा ०.६१५ हेक्टेयर, खसरा नंबर ५४ रकबा ०.४२७ हेक्टेक्यर, खसरा नंबर ५५ रकबा ०.१६५ हेक्टेयर, खसरा नंबर ५६/२/के रकबा ०.३९२ हेक्टेयर, खसरा नंबर ५६/१०४०/१ रकबा ०.३४० हेक्टेयर, खसरा नंबर ५७/२ रकबा ०.०८४ हेक्टेयर, खसरा नंबर ५८/२ रकबा ०.३२४ हेक्टेयर, खसरा नंबर ५९/२/के रकबा ०.०१३ हेक्टेयर कुल रकबा ४.२९० हेक्टेयर भूमि का मालिक है।

टॉप-4 बिकने वाली कारों के कंपोनेंट सर्वाधिक कमजोर, क्रैश टेस्ट में हो गईं फेल

जिला प्रशासन से नहीं मिली राहत तो ली हाईकोर्ट की शरण

प्रिज्म जॉनसन सीमेंट लिमिटेड प्रबंधन द्वारा इस क्षेत्र में बड़े स्तर पर माइनिंग लीज आवंटित कराई गई है। याचिकाकर्ता ने आरोप लगाया कि उनकी और अन्य किसनों की जमीन पर प्रिज्म सीमेंट प्रबंधन द्वारा बिना जमीन अधिग्रहित किए और बिना मुआवजा दिए गैरकानूनी रूप से खुदाई शुरू कर दी है, जो मध्य प्रदेश भू-राजस्व संहिता, 1959 की धारा 247/4 और 5 का उल्लंघन है। याचिकाकर्ता ने यह रिच याचिका दायर करने से पहले 20 मार्च 2025 को कलेक्टर सतना को एमपीएलआरसी की धारा 31/32 के तहत एक आवेदन दिया था कि प्रिज्म जॉनसन कंपनी प्रबंधन को याचिकाकर्ता की जमीन की अवैध खुदाई करने से रोका जाए, लेकिन कोई जवाब नहीं मिला तो यह रिट याचिका दायर की गई।

हाईकोर्ट ने प्रिज्म प्रबंधन और प्रशासन की दलील की खारिज

याचिका की सुनवाई के बाद हाईकोर्ट ने संबंधितों को नोटिस जारी कर जवाब मांगा। हालांकि, प्रतिवादियों की ओर से नोटिस के जवाब में कहा गया कि उचित अनुमति के बाद एक लीज दी गई थी और उसके बाद उन्होंने खनन कानूनों के प्रावधानों के तहत लीज वाली जमीन पर खुदाई शुरू कर दी है। साथ ही यह भी कहा गया कि एमपीएलआरसी की धारा 31/32 के तहत एक आवेदन दायर किया गया था, जिसमें रिट याचिका में मांगी गई राहत की मांग की गई थी, लेकिन उक्त आवेदन 04 जून 2025 को डिफाल्ट रूप से खारिज कर दिया गया, इसलिए याचिका खारिज किए जाने योग्य है। हाईकोर्ट ने अपने आदेश में लिखा है कि याचिकाकर्ता का पूरा दावा एमपीएलआरसी की धारा 247 पर आधारित है।

हाईकोर्ट ने एमपीएलआरसी की धाराओं का दिया हवाला

हाईकोर्ट ने अपने फैसले में मप्र भू-राजस्व संहिता की धाराओं का हवाला देते हुए प्रिज्म प्रबंधन और जिला प्रशासन का तर्क खारिज कर दिया। हाईकोर्ट ने फैसले में मप्र भू-राजस्व संहिता की धाराओं का उल्लेख किया है।

लिवर को सर्वाधिक नुकसान क्यों पहुंचाती हैं एंटीबायोटिक्स: रिसर्च

हाईकोर्ट ने आदेश में लिखा,
धारा 247 खनिज पर सरकार का अधिकार-

(1) जब तक सरकार द्वारा दिए गए अनुदान की शर्तों में स्पष्ट रूप से अन्यथा प्रावधान न किया गया हो, सभी खनिजों, खानों और खदानों का अधिकार राज्य सरकार में निहित होगा, जिसके पास ऐसे अधिकार का उचित उपयोग करने के लिए सभी आवश्यक शक्तियां होंगी।

(2) सभी खानों और खदानों के अधिकार में खनन और उत्खनन के उद्देश्य से भूमि तक पहुंच का अधिकार और ऐसी अन्य भूमि पर कब्जा करने का अधिकार शामिल है, जो उससे संबंधित सहायक उद्देश्यों के लिए आवश्यक हो सकती है, जिसमें कार्यालयों, श्रमिकों के आवासों और मशीनरी का निर्माण, खनिजों का भंडारण और कचरे का जमाव, सड़कों, रेलवे या ट्राम-लाइनों का निर्माण, और कोई अन्य उद्देश्य शामिल हो, जिसे राज्य सरकार खनन और उत्खनन के सहायक के रूप में घोषित कर सकती है।

(3) यदि सरकार ने किसी व्यक्ति को किसी खनिज, खान या खदान पर अपना अधिकार सौंपा है, और यदि ऐसे अधिकार का ठीक से इस्तेमाल करने के लिए यह जरूरी है कि उप-धारा (1) और (2) में बताई गई सभी या कोई भी शक्तियां इस्तेमाल की जाएं, तो कलेक्टर, लिखित आदेश द्ववारा, ऐसी शर्तों और आरक्षणों के अधीन रहते हुए, जो वह निदिष्ट करे, ऐसी शक्तियां उस व्यक्ति को सौंप सकता है, जिसे अधिकार सौंपा गया है, बशर्तें कि ऐसा कोई भी हस्तांतरण तब तक नहीं किया जाएगा, जब तक प्रभावित भूमि में अधिकार रखने वाले सभी व्यक्तियों को विधिवत नोटिस नहीं दिया जाता है, और उनके आपत्तियों को सुना और उन पर विचार नहीं किया जाता है।

(4) यदि, किसी भूमि पर यहां संदर्भित अधिकार का उपयोग करने में, ऐसी भूमि की सतह पर कब्जा या गड़बड़ी से किसी व्यक्ति के अधिकार का उल्लंघन होता है, तो सरकार या उसका असाइनी ऐसे व्यक्तियों को ऐसे उल्लंघन के लिए मुआवजा देगा और ऐसे मुआवजे की राशि की गणना उप-विभागीय अधिकारी द्वारा, या यदि उसका निर्णय स्वीकार नहीं किया जाता है, तो सिविल न्यायालय द्वारा जहां तक संभव हो, भूमि अधिग्रहण अधिनियम, 1894 (1894 का।) के प्रावधान के अनुसार की जाएगी।

(5) सरकार का कोई भी असाइनी कलेक्टर की पूर्व अनुमति के बिना किसी भी भूमि की सतह पर प्रवेश नहीं करेगा या उस पर कब्जा नहीं करेगा, और जब तक मुआवजा निर्धारित नहीं किया जाता है और उन व्यक्तियों को नहीं दिया जाता है, जिनके अधिकारों का उल्लंघन हुआ है।

(6) यदि सरकार का कोई असाइनी उप-धारा (4) में बताए अनुसार मुआवजा देने में विफल रहता है, तो कलेक्टर हकदार व्यक्तियों की ओर से उससे ऐसा मुआवजा वसूल कर सकता है, जैसे कि वह भू-राजस्व का बकाया हो।

(7) कोई भी व्यक्ति जो बिना कानूनी अधिकार के किसी खान या खदान से खनिज निकालता है या हटाता है, जिसका अधिकार सरकार के पास है, और जिसे सरकार ने किसी को सौंपा नहीं है, तो उस पर की जाने वाली किसी भी अन्य कार्रवाई पर बिना किसी प्रतिकूल प्रभाव के कलेक्टर के लिखित आदेश पर, निकाले गए या हटाए गए खनिजों के बाजार मूल्य के [चार गुना] से अधिक की राशि का जुर्माना देने के लिए उत्तरदायी होगा।

(8) एमपीएलआरसी की धारा 247 की उप-धारा 4 भूमि के मालिक को भूमि अधिग्रहण अधिनियम, 1894 के प्रावधान के अनुसार उप-विभागीय अधिकारी द्वारा गणना किए गए मुआवजे का दावा करने का अधिकार देती है। एमपीएलआरसी की धारा 247 की उप-धारा 5 के तहत एक रोक है कि सरकार का कोई भी असाइनी कलेक्टर की पूर्व अनुमति के बिना किसी भी भूमि की सतह पर प्रवेश नहीं करेगा या उस पर कब्जा नहीं करेगा, और जब तक मुआवजा निर्धारित नहीं किया जाता है और उन व्यक्तियों को नहीं दिया जाता है, जिनके अधिकार का उल्लंघन हुआ है।

(9) अब, क्योंकि वह स्टेज खत्म हो गया है, हम पिटीशनर को एमपीएलआरसी के सेक्शन 247 के तहत सब डिविजनल आफिसर के सामने एक डिटेल्ड एप्लीकेशन जमा करने की आजादी देते हैं, ताकि पिटीशनर को मिलने वाले मुआवजे का हिसाब लगाया जा सके। अगर ऐसी एप्लीकेशन पिटीशनर या किसी दूसरे प्रभावित व्यक्तियों द्वारा फाइल की जाती है, तो उन एप्लीकेशन पर नए लैंड एक्विजिशन एक्ट के प्रोविजन के अनुसार एप्लीकेशन जमा करने की तारीख से 60 दिन के अंदर तेजी से फैसला किया जाएगा। हाईकोर्ट की डबल बेंच ने इसी के साथ रिट पिटीशन का निपटारा कर दिया।

ब्रिटिश सरकार से कर्ज वसूलेंगे सीहोर के एक बुजुर्ग

पहले भी लगे अवैध खनन, भंडारण के आरोप

सतना, मध्य प्रदेश में प्रिज्म सीमेंट (अब प्रिज्म जॉनसन लिमिटेड) के खिलाफ अवैध खनन और भंडारण से संबंधित कई मामले समय-समय पर सामने आए हैं।

कोयले का अवैध भंडारण: वर्ष 2014 में, जिला प्रशासन और खनन विभाग ने प्रिज्म सीमेंट के संयंत्र पर छापा मारकर 12 करोड़ रुपए मूल्य का लगभग 40,000 मीट्रिक टन कोयला अवैध रूप से भंडारित पाया था। इसके लिए कंपनी पर 120 करोड़ रुपए का जुर्माना लगाया गया था।

जीएसटी और कर विवाद: हाल ही में (अक्टूबर 2025), जीएसटी विभाग की 16 सदस्यीय टीम ने रामपुर बघेलान स्थित फैक्ट्री में सर्वे किया था। इसके अलावा, कंपनी का 34.10 करोड़ रुपए का एक कर विवाद मामला मध्य प्रदेश उच्च न्यायालय में लंबित है, जिसकी सुनवाई फरवरी 2026 में निर्धारित है।

नकली सीमेंट का मामला: सितंबर 2025 में सतना प्रशासन ने एक गिरोह का भंडाफोड़ किया था, जो प्रिज्म जैसी नामी कंपनियों की बोरियों में राखड़ (फ्लाई ऐश) भरकर बेच रहे थे।

खनन पट्टे और अनुपालन: कंपनी के पास सतना के विभिन्न गांवों (जैसे हिनौती, बदरखा, सिजहटा, बगहाई) में चूना पत्थर (Limestone) के खनन पट्टे हैं। प्रिज्म प्रबंधन के खिलाफ इन गांवों में कई किसानों की जमीनों पर गैरकानूनी तरीके से जबरन कब्जा करने और मुआवजा नहीं देने के आरोप हैं।

About the Author

aaptak.news28@gmail.com

Administrator

Web News Portal

Visit Website View All Posts

Post navigation

Previous: SIR: MP में फाइनल वोटर लिस्ट जारी, इतने बचे कुल Voter
Next: उल्लास का उत्सव भगोरिया मेला

Related Stories

raghav chaddha mobile preped recharge issue
  • NATIONAL

प्रीपेड रिचार्ज प्लान पर ‘लूट’, चड्ढा ने उठाए सवाल

aaptak.news28@gmail.com March 12, 2026 0
amit shah speaker motion
  • NATIONAL

“जिन्होंने आंख मारी, वे स्पीकर पर सवाल उठा रहे : शाह

aaptak.news28@gmail.com March 12, 2026 0
sc
  • NATIONAL

सुप्रीम कोर्ट ने पहली बार दी इच्छामृत्यु की अनुमति

aaptak.news28@gmail.com March 11, 2026 0
  • मुख्यमंत्री डॉ. यादव के नेतृत्व में जल प्रबंधन के लिये की जा रही हैं जनभागीदारी
    मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में प्रदेश में पेयजल उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिये प्रभावी रूप से जनभागीदारी की पहल की गई है। प्रदेश में “जल महोत्सव-2026” आयोजित किया जा रहा है। जल जीवन - 12/03/2026
  • जल संरक्षण के लिए करें नवाचार, जल स्त्रोतों की सुरक्षा के हों प्रबंध : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
    - 12/03/2026
  • सरसों की खरीदी के लिये भावांतर भुगतान योजना को मिली केन्द्र से स्वीकृति : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
    मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के सतत् प्रयासों का परिणाम है कि मध्यप्रदेश के किसानों को केंद्र सरकार से बड़ी राहत और कई महत्वपूर्ण मंजूरियां मिली हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने गुरुवार को नई दिल्ली - 12/03/2026
  • मुख्यमंत्री डॉ. यादव करेंगे 1.25 करोड़ लाड़ली बहनों के खातों में 1836 करोड़ रुपये की राशि अंतरित
    मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव शुक्रवार को ग्वालियर जिले के शबरी माता मंदिर घाटीगाँव में आयोजित सम्मेलन में मुख्यमंत्री लाड़ली बहना प्रदेश की 1 करोड़ 25 लाख से अधिक बहनों के बैंक खातों में 1836 करोड़ रुपय - 12/03/2026
  • मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने गुरुवार को केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण तथा ग्रामीण विकास मंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान के साथ नई दिल्ली के कृषि भवन में हुई बैठक में सहभागिता की।
    - 12/03/2026
  • विकास के लिए पूंजीगत व्यय सर्वोच्च प्राथमिकता : उप मुख्यमंत्री श्री देवड़ा
    उप मुख्यमंत्री श्री जगदीश देवड़ा ने कहा कि दूसरी वार्षिक रिपोर्ट में मध्यप्रदेश के राजस्व प्रदर्शन का सकारात्मक आकलन राज्य की वित्तीय अनुशासन और विकासोन्मुख नीतियों का प्रमाण है। उन्होंने कहा कि मुख्य - 12/03/2026
  • कृषि क्षेत्र में तकनीकी नवाचारों से प्रदेश ने हासिल की महत्वपूर्ण उपलब्धि : मंत्री श्री वर्मा
    राजस्व मंत्री श्री करण सिंह वर्मा ने कहा है कि मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के निर्देशन में प्रदेश सरकार द्वारा वर्ष 2025-26 को “कृषक कल्याण वर्ष” के रूप में मनाते हुए किसानों की आय वृद्धि, आधुनिक कृषि - 12/03/2026
  • जीपीएफ संबंधी समस्या के निराकरण के लिए जबलपुर में लगेगा 16 मार्च को शिविर
    मध्यप्रदेश राज्य विद्युत मण्डल की विभिन्न उत्तरवर्ती कंपनियों से सेवानिवृत्त होने वाले कार्मिकों के सामान्य भविष्यनिधि भुगतान या अंतिम या अनंतिम आहरण आदि से संबंधित प्रकरणों के त्वरित निराकरण - 12/03/2026
  • अप्रैल माह में पैक्स से 10 लाख किसानों को जोड़ने के लिए चलाया जाएगा वृहद सदस्यता अभियान
    सहकारिता मंत्री श्री विश्वास कैलाश सारंग ने सहकारिता विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों की बैठक लेकर विभाग की वर्तमान गतिविधियों एवं आगामी कार्ययोजना की विस्तृत समीक्षा की। बैठक में मंत्री श्री सारंग ने निर् - 12/03/2026
  • निर्माण कार्य प्रारम्भ करने की सूचना देना है अनिवार्य, सूचना नहीं देने पर हो सकती है कार्रवाई
    - 12/03/2026

Recent Posts

  • भीषण हमले के बाद भी अमेरिका नहीं डिगा पाया ईरान की सत्ता: रिपोर्ट
  • ईरान की दो टूक- इलाके में सभी US बेस तुरंत बंद करें
  • प्रीपेड रिचार्ज प्लान पर ‘लूट’, चड्ढा ने उठाए सवाल
  • होर्मुज स्ट्रेट को पार कर 2 तेल टैंकर पहुंचे भारत, जगी उम्मीद
  • US-Israel & Iran War: किसने किस पर किए कितने मिसाइल, ड्रोन हमले

Recent Comments

  1. RAVI KHAVSE on 18 लाख की नकली मुद्रा जब्त, बीबीए छात्र समेत 6 गिरफ्तार

Archives

  • March 2026
  • February 2026
  • January 2026
  • December 2025
  • November 2025
  • October 2025
  • September 2025
  • August 2025
  • July 2025
  • June 2025
  • May 2025
  • April 2025
  • December 2024
  • March 2026
  • February 2026
  • January 2026
  • December 2025
  • November 2025
  • October 2025
  • September 2025
  • August 2025
  • July 2025
  • June 2025
  • May 2025
  • April 2025
  • December 2024

You may have missed

us iran war
  • WORLD

भीषण हमले के बाद भी अमेरिका नहीं डिगा पाया ईरान की सत्ता: रिपोर्ट

aaptak.news28@gmail.com March 12, 2026 0
Mojtaba Khamenei, son of the slain former leader
  • WORLD

ईरान की दो टूक- इलाके में सभी US बेस तुरंत बंद करें

aaptak.news28@gmail.com March 12, 2026 0
raghav chaddha mobile preped recharge issue
  • NATIONAL

प्रीपेड रिचार्ज प्लान पर ‘लूट’, चड्ढा ने उठाए सवाल

aaptak.news28@gmail.com March 12, 2026 0
strate of hormuz
  • WORLD

होर्मुज स्ट्रेट को पार कर 2 तेल टैंकर पहुंचे भारत, जगी उम्मीद

aaptak.news28@gmail.com March 12, 2026 0
हमारे बारे में…
आपतक एक प्रमुख हिंदी न्यूज पोर्टल है। इसमें राजनीतिक—प्रशासनिक और एक्सक्लूसिव समाचारों को प्रमुखता दी जाती है। ट्रेंडिंग न्यूज, बिजनेस, रोजगार तथा तकनीक से जुड़ी अहम खबरों को भी महत्व दिया जाता है।

संपर्क:
संपादक: आर.बी. सिंह
मोबाइल: 9425168479
कार्यालय: Katara Hills Bhopal, MP

खबर एवं विज्ञापन के लिए संपर्क करें:
Email_id: aaptak.news28@gmail.com

  • Home
  • NATIONAL
  • WORLD
  • BUSSINESS
  • MP/CG
  • LIFESTYLE
  • ENTERTANMENT
  • POLITICS/ADMIN
  • JOB
  • SPORTS
  • Artical
  • Home
  • NATIONAL
  • WORLD
  • BUSSINESS
  • MP/CG
  • LIFESTYLE
  • ENTERTANMENT
  • POLITICS/ADMIN
  • JOB
  • SPORTS
  • Artical
Copyright © All rights reserved. | MoreNews by AF themes.